शनिवार, 15 जून 2019

‘फूट डालो और शासन करो’




पैट्रिक फ़ैंच  की किताब – आज़ादी या मौत

 

- वायसराय लॉर्ड रीडिंग को इस बात का एहसास था कि अगर फूट डालो और शासन करो वाली नीति अपनाई गई तो भविष्य में इसके दुष्परिणाम भुगतने होंगे। 1924 में उसने भारत के राज्य सचिव से कहा था कि हिन्दू-मुसलमान विवाद देश की शान्ति के लिए बड़ा ख़तरा है,लेकिन कुछ अंग्रेज़ो का मानना था कि हम इस बात का फ़ायदा उठा सकते हैं, लेकिन उन्हें यह एहसास नहीं हुआ कि अगर दोनों समुदायों में विरोधाभास लगातार बढ़ता रहा और वे इस झगड़े का निबटारा करने में नाकामयाब रहे, तो ऐसी परिस्थिति कितनी घातक हो सकती है।
                                                                                                                    (पेज- 51)

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